
IND vs AUS T20 : मेलबर्न में टीम इंडिया की शर्मनाक हार, गौतम गंभीर की बैटिंग ऑर्डर से छेड़छाड़ पड़ी भारी। ऑस्ट्रेलिया ने भारत को 4 विकेट से हराया और 17 साल पुराना विजय क्रम तोड़ा। जानिए कैसे गलत फैसलों ने भारत को हार की कगार पर पहुंचाया।
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IND vs AUS T20 ,मेलबर्न में रुका 17 साल का विजय रथ, टीम इंडिया की बड़ी नाकामी
मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड (MCG) में भारतीय क्रिकेट टीम का 17 साल पुराना विजय क्रम टूट गया। ऑस्ट्रेलिया ने भारत को 4 विकेट से हराकर न केवल मैच जीता बल्कि टीम इंडिया की रणनीति की पोल खोल दी।
पहले टी20 के रद्द होने के बाद यह मुकाबला दोनों टीमों के लिए अहम था, लेकिन भारत ने इसे खुद के गलत फैसलों से गंवा दिया।
IND vs AUS T20 : कोच गंभीर की रणनीति पर उठे सवाल – खिलाड़ियों में भटकाव
टीम इंडिया के हेड कोच गौतम गंभीर लगातार बैटिंग ऑर्डर के साथ प्रयोग कर रहे हैं। मेलबर्न में भी कुछ ऐसा ही देखने को मिला जिसने पूरी टीम की लय बिगाड़ दी।
- शिवम दुबे को नीचे भेजा गया
- संजू सैमसन को तीसरे नंबर पर प्रमोट किया गया
- और हर्षित राणा को फिट करने के चक्कर में टीम की संतुलन गड़बड़ा गई
नतीजा यह हुआ कि भारत की बल्लेबाजी 18.4 ओवर में सिर्फ 125 रन पर सिमट गई।
कह सकते हैं कि गंभीर की प्रयोगशाला ने मैच को कब्रगाह बना दिया।
IND vs AUS T20 :टीम इंडिया की बैटिंग – जैसे बिना प्लान के उतरे खिलाड़ी
IND vs AUS T20,भारत की पारी में केवल अभिषेक शर्मा (68 रन) और हर्षित राणा (35 रन) ही कुछ संघर्ष करते दिखे।
बाकी खिलाड़ी ऐसे ढह गए जैसे रेत का महल लहरों में।
चार बल्लेबाज़ तो खाता तक नहीं खोल पाए।
जबकि बाकी ने रन जोड़ने के बजाय विकेटों की झड़ी लगा दी।टॉस जीतने के बाद ऑस्ट्रेलिया ने भारत को पहले बल्लेबाजी का न्योता दिया। भारतीय टीम मात्र 18.4 ओवर में 125 रन पर ऑलआउट हो गई। शुरुआती झटकों से टीम उबर नहीं पाई, क्योंकि शीर्ष क्रम के बल्लेबाज बुरी तरह फ्लॉप रहे।
शुभमन गिल (5), संजू सैमसन (2), तिलक वर्मा (0) और कप्तान सूर्यकुमार यादव (1) पावरप्ले के भीतर ही पवेलियन लौट गए। हालांकि अभिषेक शर्मा (68 रन, 37 गेंद) ने बेहतरीन बल्लेबाजी करते हुए टीम को संभालने की कोशिश की।
उनके साथ हर्षित राणा (35 रन) ने अहम साझेदारी निभाई, जिससे भारत 125 तक पहुंच सका। लेकिन बाकी बल्लेबाज दोहरे अंक में भी नहीं पहुंचे।
गेंदबाजी में ऑस्ट्रेलिया के लिए जोश हेजलवुड ने 3 विकेट, जबकि जेवियर बार्टलेट और नाथन एलिस ने 2-2 विकेट झटके।
IND vs AUS T20, रन चेज के दौरान ऑस्ट्रेलिया ने 13.2 ओवर में ही लक्ष्य हासिल कर लिया। कप्तान मिचेल मार्श (46 रन) ने सबसे ज्यादा रन बनाए। भारत की ओर से जसप्रीत बुमराह, कुलदीप यादव और वरुण चक्रवर्ती ने 2-2 विकेट झटके, लेकिन टीम को जीत नहीं दिला सके।
गंभीर का यह तर्क कि “युवा खिलाड़ियों को आज़माना ज़रूरी है” अब बहाना लगने लगा है, जब हर मैच में टीम के संयोजन की धज्जियाँ उड़ रही हों।
ऑस्ट्रेलिया ने दिखाया क्लास – मैदान पर ‘कंगारू तूफान’
IND vs AUS T20,ऑस्ट्रेलिया ने भारत को हर विभाग में पछाड़ दिया।
कप्तान मिचेल मार्श (46 रन) और ट्रेविस हेड (28 रन) ने रन ऐसे उड़ाए जैसे भारत की गेंदबाज़ी सिर्फ औपचारिकता निभा रही हो।
जोश हेजलवुड, नाथन एलिस और बार्टलेट ने भारतीय बल्लेबाजों को पूरी तरह चकमा दिया।
बुमराह जरूर दो विकेट लेकर हैट्रिक के करीब पहुंचे, लेकिन तब तक मैच उनके हाथ से निकल चुका था।
ऑस्ट्रेलिया ने लक्ष्य का पीछा करते हुए मात्र 13.2 ओवर में जीत दर्ज कर ली।
गंभीर का गुस्सा खिलाड़ियों पर, लेकिन गलती खुद की रणनीति में
मैच के बाद कोच गंभीर ड्रेसिंग रूम में reportedly खिलाड़ियों पर नाराज़ दिखे।
लेकिन क्रिकेट एक्सपर्ट्स का कहना है कि गलती खिलाड़ियों से ज़्यादा गंभीर की प्लानिंग में है।
हर मैच में नए प्रयोग, खिलाड़ियों की स्थिति बदलना और सही संयोजन न ढूंढ पाना टीम की सबसे बड़ी कमजोरी बन चुकी है।
अगर यही सिलसिला जारी रहा, तो आने वाले मैचों में भारत का सीरीज जीतना मुश्किल ही नहीं, लगभग नामुमकिन लग रहा है।
17 साल का रिकॉर्ड टूटा, आत्मविश्वास भी डगमगाया
IND vs AUS T20,2008 के बाद पहली बार भारत को मेलबर्न में हार झेलनी पड़ी।
वो भी इतने एकतरफा अंदाज़ में कि फैंस निराश रह गए।
जहां एक तरफ ऑस्ट्रेलिया ने टीमवर्क और अनुशासन दिखाया, वहीं भारतीय खिलाड़ी बिना किसी समन्वय के मैदान में उतरे।
IND vs AUS: जब पुरुष टीम पिट रही थी मेलबर्न में, तब लड़कियों ने ऑस्ट्रेलिया को धो डाला — जेमिमा की शतकीय पारी से भारत फाइनल में
IND vs AUS T20,पुरुष टीम हारती रही, महिलाओं ने दिखाया असली दमखम
मेलबर्न में जहां भारतीय पुरुष टीम ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ शर्मनाक हार झेल रही थी,
वहीं दूसरी तरफ भारतीय महिला टीम ने इतिहास रच दिया।
महिला वनडे विश्व कप 2025 के सेमीफाइनल में भारत ने ऑस्ट्रेलिया जैसी अजेय टीम को 5 विकेट से हराकर फाइनल में जगह बना ली।
जेमिमा और हरमनप्रीत की साझेदारी ने पलट दिया पूरा खेल
ऑस्ट्रेलिया ने पहले बल्लेबाजी करते हुए 49.5 ओवर में 338 रन बनाए।
हर किसी को लगा था कि भारत यह लक्ष्य नहीं चू पाएगा।
लेकिन जेमिमा रॉड्रिग्ज (127)* और कप्तान हरमनप्रीत कौर (89) ने 167 रनों की साझेदारी कर
ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज़ों की नींव हिला दी।
भारत ने 48.3 ओवर में ही 341/5 बनाकर जीत दर्ज की।
जेमिमा ने 134 गेंदों पर 14 चौके जड़े और मैच खत्म होते ही भावुक हो गईं —
क्योंकि यह सिर्फ जीत नहीं, बल्कि गर्व की वापसी थी।
लड़कियों का जोश, लड़कों की निराशा
यही मैच देखकर फैंस का गुस्सा और भी बढ़ गया,
क्योंकि इसी हफ्ते भारतीय पुरुष टीम ने ऑस्ट्रेलिया से टेस्ट और वनडे सीरीज़ गंवा दी,
और टी20 में भी मेलबर्न में हार का मुंह देखना पड़ा।
कोच गौतम गंभीर की हर मैच में बदलती प्लानिंग,
गड़बड़ बैटिंग ऑर्डर और गलत फैसलों ने पुरुष टीम को ‘प्रयोगशाला’ बना दिया है।
वहीं महिला टीम बिना किसी बहाने के खामोशी से मैदान पर काम कर रही है
और नतीजा दे रही है – जीत पर जीत।महिला टीम ने जहां जोश से खेला, वहीं पुरुष टीम में बस बहाने
पुरुष टीम के पास भी सितारे हैं – विराट, रोहित, गिल, बुमराह,
लेकिन सवाल यह है कि जज़्बा कहां है?
जब मैदान पर महिला खिलाड़ी पसीना बहाकर 338 का लक्ष्य चेज़ करती हैं,
तो पुरुष टीम 125 रन पर सिमटकर कहती है – “पिच मुश्किल थी।”
भारत के पास अब इतिहास रचने का मौका
महिला टीम 2005 और 2017 के बाद तीसरी बार वनडे विश्व कप फाइनल में पहुंची है।
इस बार प्रतिद्वंदी है दक्षिण अफ्रीका, जिसने इंग्लैंड को हराया।
अगर भारत यह फाइनल जीतता है, तो यह सिर्फ एक खिताब नहीं,
बल्कि भारतीय महिला क्रिकेट के लिए नई सुबह होगी।
भारत की बल्लेबाजी – IND vs AUS T20 2nd (मेलबर्न)
| बल्लेबाज | गेंदें | रन |
|---|---|---|
| शुभमन गिल | 9 | 5 |
| संजू सैमसन | 4 | 2 |
| तिलक वर्मा | 1 | 0 |
| सूर्यकुमार यादव | 3 | 1 |
| अभिषेक शर्मा | 37 | 68 |
| हर्षित राणा | 28 | 35 |
| अक्षर पटेल | 6 | 3 |
| रवि बिश्नोई | 5 | 2 |
| जसप्रीत बुमराह | 2 | 1 |
| वरुण चक्रवर्ती | 4 | 2 |
| कुलदीप यादव | 1 | 0* |
कुल स्कोर: 125/10 (18.4 ओवर)
निष्कर्ष: टीम इंडिया को ‘प्रयोग’ नहीं, स्थिरता चाहिए
हर मैच में नए संयोजन आज़माने की बजाय अब टीम इंडिया को अपने मुख्य खिलाड़ियों पर भरोसा जताना होगा।
वरना हर मैच के बाद सिर्फ एक ही बात दोहराई जाएगी —“हम बेहतर खेल सकते थे…”
लेकिन अब वक्त बहाने का नहीं, जवाबदेही का है।
पहले टेस्ट सीरीज़ में भारत 2-1 से हारा, फिर वनडे सीरीज़ भी ऑस्ट्रेलिया ने अपने नाम की।
अब टी20 में भी वही कहानी दोहराई जा रही है।
ऐसा लग रहा है जैसे टीम इंडिया अब सिर्फ नाम की ‘टीम’ रह गई है, प्रदर्शन कहीं गुम हो गया है।
Source: Google News