अभिजीत भट्टाचार्य (Abhijeet Bhattacharya)ने महात्मा गांधी पर फिर विवादित बयान देकर सुर्खियां बटोरीं, साथ ही शाहरुख खान से अपने लंबे विवाद का खुलासा किया। जानें पूरा मामला विस्तार से।

Abhijeet Bhattacharya :शाहरुख खान के साथ पुराना विवाद फिर चर्चा में
90 के दशक और 2000 के शुरुआती वर्षों में बॉलीवुड में अपनी आवाज से पहचान बनाने वाले मशहूर पार्श्व गायक अभिजीत भट्टाचार्य एक बार फिर विवादों के केंद्र में हैं। हाल ही में दिए गए एक पॉडकास्ट इंटरव्यू में उन्होंने शाहरुख खान के साथ अपने लंबे समय से चले आ रहे मतभेदों पर खुलकर बात की।
अभिजीत भट्टाचार्य ने बताया कि उनके और शाहरुख खान के बीच दूरी की सबसे बड़ी वजह “अहंकार और आत्मसम्मान” का टकराव रहा है। उनका कहना है कि फिल्म मैं हूं ना में उन्हें उचित श्रेय न मिलने से उन्हें गहरा आघात पहुंचा, और यही उनके रिश्ते में दरार का मुख्य कारण बना। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि शाहरुख खान ने कभी इस मुद्दे पर माफी मांगने की पहल नहीं की, जो उन्हें आज भी खलता है।
गायक ने यह भी दावा किया कि एक समय पर उन्होंने केवल शाहरुख खान के लिए ही गाने का फैसला किया था, क्योंकि उन्हें लगता था कि वे उनकी “आवाज” बन चुके हैं। हालांकि बाद में रिश्तों में आई दूरी ने इस जुड़ाव को खत्म कर दिया।
Abhijeet Bhattacharya महात्मा गांधी पर अभिजीत भट्टाचार्य का विवादित बयान
वहीं दूसरी ओर, अभिजीत भट्टाचार्य एक बार फिर महात्मा गांधी पर दिए गए अपने विवादित बयानों को लेकर सुर्खियों में हैं। उन्होंने हाल ही में कहा कि भारत में “भारत माता की जय” बोला जाता है, ऐसे में “राष्ट्रपिता” की अवधारणा पर सवाल उठना चाहिए। इसके साथ ही उन्होंने सुझाव दिया कि भारतीय करेंसी पर महात्मा गांधी की जगह “भारत माता” की तस्वीर होनी चाहिए।“राष्ट्रपिता” बनाम “भारत माता” पर सवाल
अभिजीत भट्टाचार्य ने हाल ही में कहा कि भारत में “भारत माता की जय” बोला जाता है, ऐसे में “राष्ट्रपिता” की अवधारणा पर पुनर्विचार होना चाहिए।
उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि:
- भारतीय करेंसी पर महात्मा गांधी की तस्वीर के बजाय “भारत माता” का चित्र होना चाहिए
- राष्ट्रीय प्रतीकों को लेकर नई सोच अपनाई जानी चाहिए
इस बयान ने तुरंत ही राजनीतिक और सामाजिक बहस को जन्म दे दिया।
इस बयान के बाद सोशल मीडिया पर उनकी कड़ी आलोचना हो रही है। यह पहली बार नहीं है जब उन्होंने महात्मा गांधी को लेकर विवादित टिप्पणी की हो। इससे पहले भी वे गांधी को “पाकिस्तान का राष्ट्रपिता” कह चुके हैं, जिसके बाद उन्हें कानूनी नोटिस का सामना करना पड़ा था।
लगातार ऐसे बयानों के कारण अभिजीत भट्टाचार्य विवादों में बने रहते हैं। उनके बयान जहां एक ओर चर्चा का विषय बनते हैं, वहीं दूसरी ओर सोशल मीडिया और आम जनता में तीखी प्रतिक्रिया भी पैदा करते हैं।
कुल मिलाकर, यह पूरा मामला न सिर्फ अभिजीत भट्टाचार्य और शाहरुख खान के रिश्तों की पुरानी कड़वाहट को फिर से सामने लाता है, बल्कि महात्मा गांधी को लेकर उनके विवादित विचारों को भी एक बार फिर चर्चा के केंद्र में ले आता है।
कुल मिलाकर, यह विवाद एक बार फिर यह दिखाता है कि Abhijeet Bhattacharya के बयान सिर्फ चर्चा नहीं बल्कि तीखी प्रतिक्रियाओं को भी जन्म देते हैं।
एक तरफ उनके विचारों को अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता माना जाता है, तो दूसरी तरफ इन्हें सामाजिक और ऐतिहासिक संवेदनशीलता पर चोट के रूप में देखा जाता है।
इस बहस ने न सिर्फ उनके पुराने विवादों को फिर से जीवित किया है, बल्कि सार्वजनिक बयानबाज़ी की सीमाओं पर भी नया सवाल खड़ा कर दिया है।